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पीरटांड में सुदेश महतो की जन चौपाल, पेड़ के नीचे बैठकर सुनी ग्रामीणों की समस्याएं

रोजगार और नशाखोरी की समस्या पर ग्रामीणों ने रखी बात, पूरे झारखंड में चलेगा जन संवाद अभियान

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गिरिडीह: गिरिडीह विधानसभा क्षेत्र के पीरतांड में रविवार को आजसू पार्टी की ओर से जन संवाद कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में आजसू पार्टी के प्रमुख सुदेश महतो शामिल हुए। उन्होंने ग्रामीणों के बीच पहुंचकर उनसे मुलाकात की और पंचायत की पारंपरिक चौपाल की तर्ज पर पेड़ के नीचे बैठकर लोगों की समस्याएं सुनीं। इस दौरान ग्रामीणों ने अपने क्षेत्र की समस्याओं और जरूरतों से उन्हें अवगत कराया।

जन संवाद के दौरान गांवों में रोजगार की कमी और नशाखोरी की समस्या प्रमुखता से उठी। ग्रामीणों ने अपनी परेशानियों को सुदेश महतो के सामने रखा। इस दौरान उन्होंने कहा कि राज्य में 25 वर्षों के शासन के बाद यह जानना जरूरी है कि झारखंड की परिस्थितियों के अनुरूप योजनाएं चल रही हैं या नहीं। सरकारी योजनाओं का लाभ वास्तव में जनता तक पहुंच रहा है या नहीं, इन सवालों का जवाब जानने के लिए ही वह लोगों के बीच पहुंचे हैं।

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रोजगार और नशाखोरी की समस्या पर चर्चा

सुदेश महतो ने कहा कि गांवों में रोजगार की स्थिति और नशे की समस्या जैसे मुद्दों को समझना जरूरी है। जन संवाद के माध्यम से आम लोगों से सीधे बातचीत कर उनकी समस्याओं को जानने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि यह जन चौपाल कार्यक्रम का पहला चरण है। आने वाले दिनों में इसे पूरे झारखंड में चलाया जाएगा, ताकि राज्य के विभिन्न क्षेत्रों में लोगों से संवाद स्थापित कर उनकी समस्याओं को समझा जा सके।

हरेलाल महतो के भाजपा में शामिल होने पर क्या बोले सुदेश महतो?

इस दौरान इंचागढ़ विधानसभा क्षेत्र के वरिष्ठ नेता हरेलाल महतो के भाजपा में शामिल होने के सवाल पर सुदेश महतो ने कहा कि 25 वर्षों की दोस्ती समाप्त हुई है। इस घटनाक्रम पर मंथन करना जरूरी है।

गिरिडीह उपचुनाव से भी जोड़कर देखा जा रहा जन संवाद

गिरिडीह में सुदेश महतो के इस जन संवाद कार्यक्रम को राजनीतिक दृष्टिकोण से भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। राज्य में जन मुद्दों को लेकर आजसू पार्टी की सक्रियता और गिरिडीह में होने वाले उपचुनाव की पृष्ठभूमि में इस कार्यक्रम को जोड़कर देखा जा रहा है। हालांकि, पार्टी की ओर से इसे पूरे झारखंड में चलाए जाने वाले जन संवाद अभियान की शुरुआत बताया गया है।

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