जैन साधु-साध्वियों के चतुर्मास व पदविहार के लिए सुरक्षा और सुविधाएं सुनिश्चित करने की मांग
अल्पसंख्यक आयोग के उपाध्यक्ष ज्योति सिंह मथारू ने मुख्य सचिव अविनाश कुमार से की मुलाकात, जिलों को आवश्यक निर्देश जारी करने का किया आग्रह

रांची। जैन समाज के साधु-साध्वियों के आगामी चतुर्मास एवं पदविहार को लेकर झारखंड राज्य अल्पसंख्यक आयोग के उपाध्यक्ष ज्योति सिंह मथारू ने राज्य सरकार से विशेष सुरक्षा और सुविधाओं की व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है। इस संबंध में उन्होंने मंगलवार को मुख्य सचिव अविनाश कुमार से मुलाकात कर राज्य के सभी जिलों में आवश्यक प्रशासनिक तैयारियां करने का अनुरोध किया।
मुलाकात के दौरान मथारू ने बताया कि जैन समाज के साधु-साध्वियों का वार्षिक पदविहार एवं चतुर्मास कार्यक्रम 25 जुलाई 2026 से प्रारंभ होने जा रहा है। इस दौरान विभिन्न जिलों और मार्गों से होकर साधु-साध्वियों का आवागमन एवं प्रवास होगा। ऐसे में उनकी सुरक्षा, आवास और अन्य आवश्यक सुविधाओं के लिए जिला प्रशासन एवं पुलिस विभाग को पहले से तैयार रहने की आवश्यकता है।


उन्होंने मुख्य सचिव से आग्रह किया कि राज्य के सभी उपायुक्तों, पुलिस अधीक्षकों एवं संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश जारी किए जाएं, ताकि साधु-साध्वियों के आगमन और प्रवास के दौरान किसी प्रकार की असुविधा न हो। साथ ही उनके ठहराव और रात्रि विश्राम के लिए सामुदायिक भवनों, धर्मशालाओं तथा अन्य उपयुक्त सरकारी परिसरों में आवश्यक व्यवस्थाएं उपलब्ध कराई जाएं।
मथारू ने कहा कि पदविहार मार्गों पर यातायात प्रबंधन, सुरक्षा व्यवस्था, पेयजल, स्वच्छता एवं अन्य मूलभूत सुविधाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करना भी आवश्यक है। उन्होंने यह भी अनुरोध किया कि साधु-साध्वियों के आगमन की सूचना मिलने पर जिला प्रशासन और पुलिस विभाग आपसी समन्वय स्थापित कर समय पर सभी व्यवस्थाएं उपलब्ध कराएं तथा किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए त्वरित सहायता व्यवस्था सुनिश्चित करें।

मुख्य सचिव अविनाश कुमार ने इस विषय को गंभीर बताते हुए आवश्यक कार्रवाई और विभिन्न विभागों के बीच समुचित समन्वय स्थापित करने का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि साधु-साध्वियों के चतुर्मास एवं पदविहार कार्यक्रम के दौरान उनकी सुरक्षा और सुविधाओं को लेकर प्रशासन आवश्यक कदम उठाएगा।

