Nav Bihan
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त्योहारों से पहले खाद्य सुरक्षा विभाग की छापेमारी, खराब तेल और मिलावटी मिठाइयां नष्ट

धनवार में 16 प्रतिष्ठानों की जांच, बिना वैध लाइसेंस कारोबार करने वाले सात दुकानदारों को नोटिस; कई इलाकों में खाद्य पदार्थों के नमूने लिए गए

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गिरिडीह। आगामी पर्व-त्योहारों के दौरान मिलावटी और अवमानक खाद्य पदार्थों की बिक्री पर रोक लगाने के लिए खाद्य सुरक्षा विभाग ने जिले में जांच अभियान तेज कर दिया है। बुधवार को गिरिडीह शहरी क्षेत्र के बदडीहा और पचंबा, पीरटांड़ के मधुबन एवं चिरकी तथा धनवार में मिठाई दुकानों, होटलों और रेस्टोरेंट का औचक निरीक्षण किया गया। इस दौरान करीब 12 लीटर खराब खाद्य तेल और 9.5 किलोग्राम अवमानक मिठाई नष्ट कराई गई। वहीं, धनवार में बिना वैध खाद्य लाइसेंस कारोबार करने वाले सात संचालकों को नोटिस जारी किया गया।

बदडीहा स्थित भदानी स्वीट्स से लड्डू का नमूना जांच के लिए लिया गया। समोसा तलने में इस्तेमाल हो रहे तेल की गुणवत्ता खराब पाए जाने पर 12 लीटर तेल नष्ट कराया गया। पीरटांड़ के मधुबन क्षेत्र में दूध, पनीर और मसालों की जांच की गई, जहां इनकी गुणवत्ता संतोषजनक पाई गई।

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चिरकी में विभिन्न मिठाई दुकानों, होटलों और रेस्टोरेंट में पनीर, खोआ, मसाले, सॉस, लड्डू और बुंदिया की जांच की गई। छाया स्वीट्स के किचन में साफ-सफाई की कमी मिलने पर 500 रुपये का अर्थदंड लगाया गया।

पचंबा स्थित नर्मदा धाम मिष्ठान भंडार में मिल्क केक और पेड़े की जांच के दौरान स्टार्च की मौजूदगी पाए जाने पर 1.5 किलोग्राम मिल्क केक और एक किलोग्राम पेड़ा नष्ट कराया गया। अन्य प्रतिष्ठानों में जांचे गए खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता संतोषजनक बताई गई।

वहीं, धनवार में कुल 16 खाद्य प्रतिष्ठानों का औचक निरीक्षण किया गया। यहां निर्धारित मानकों के अनुरूप नहीं पाई गई 9.5 किलोग्राम छेना निर्मित मिठाई नष्ट कराई गई तथा जांच के लिए तीन खाद्य नमूने संग्रहित किए गए। बिना वैध खाद्य लाइसेंस कारोबार करने वाले सात संचालकों को नोटिस जारी किया गया।

स्वच्छता और लाइसेंस के नियमों का पालन करने का निर्देश

खाद्य सुरक्षा विभाग ने कारोबारियों को वैध लाइसेंस के साथ व्यवसाय करने, अधिकृत आपूर्तिकर्ताओं से ही खाद्य सामग्री खरीदने और प्रतिष्ठानों में साफ-सफाई बनाए रखने का निर्देश दिया है। खाद्य पदार्थों को अखबार में लपेटकर बेचने से बचने, पेयजल की गुणवत्ता की जांच कराने, खाद्य कारोबार में लगे कर्मचारियों का मेडिकल फिटनेस सुनिश्चित करने और नियमित पेस्ट कंट्रोल कराने को भी कहा गया है।

जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि आम लोगों के स्वास्थ्य की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। त्योहारों के दौरान खाद्य पदार्थों की बढ़ती मांग को देखते हुए जांच अभियान आगे भी जारी रहेगा। नियमों का उल्लंघन करने वाले कारोबारियों के विरुद्ध खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के तहत नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

ITI
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