जिला खनिज फाउंडेशन ट्रस्ट (डीएमएफटी) शासी परिषद की बैठक कई योजनांए हुई पारित डीएमएफटी मद से संचालित योजनाओं की प्रगति,
प्राथमिकताएं एवं संसाधनों के प्रभावी उपयोग पर हुई चर्चा, समय पर योजनाओं को पूरा करने का दिया गया निर्देश

गिरिडीह। जिला खनिज फाउंडेशन ट्रस्ट (डीएमएफटी) शासी परिषद की एक बैठक सोमवार को समाहरणालय सभागार में उपायुक्त रामनिवास यादव की अध्यक्षता में हुई। बैठक में गिरिडीह सांसद चंद्रप्रकाश चौधरी, राज्यसभा सांसद डॉ सरफराज अहमद, डुमरी विधायक जयराम महतों, जिला बीसूत्री अध्यक्ष संजय सिंह, कोडरमा सांसद प्रतिनिधि दिनेश यादव, धनवार विधायक प्रतिनिधि के अलावे उप विकास आयुक्त स्मृता कुमारी, उप नगर आयुक्त प्रशांत लायक, सिविल सर्जन समेत अन्य संबंधित अधिकारी और जनप्रतिनिधि शामिल हुए। बैठक में मुख्य रूप से डीएमएफटी मद से संचालित योजनाओं की प्रगति, भविष्य की प्राथमिकताएं एवं संसाधनों के प्रभावी उपयोग पर विस्तारपूर्वक चर्चा की गई।
बैठक में उपायुक्त ने सभी उपस्थित जनप्रतिनिधियों एवं पदाधिकारियों प्रधानमंत्री खनिज क्षेत्र कल्याण योजना (पीएमकेकेकेवाई) से संबंधित विस्तृत जानकारी साझा की। वहीं उप विकास आयुक्त ने ग्राम सभा से पारित एवं जिला स्तरीय प्रबंधकीय समिति द्वारा अनुमोदित प्रस्तावों का बिंदुवार विवरण प्रस्तुत किया। बैठक में उच्च प्राथमिकता वाले क्षेत्रों पर विशेष चर्चा हुई जिसमें शिक्षा, स्वास्थ्य, महिला एवं बाल विकास, कृषि एवं खनन प्रभावित सहित जिले के अन्य प्रखंडों में पीभीजीटी परिवारों के आजीविका संवर्द्धन से संबंधित योजनाओं को रखा गया। पर्यावरण संरक्षण, पेयजल आपूर्ति और अन्य प्राथमिकता प्रक्षेत्रों में पुल-पुलिया, पथ निर्माण, गार्डवाल निर्माण, स्टेडियम निर्माण, सौंदर्यीकरण, बस पड़ाव निर्माण एवं चौक-चौराहों के सौंदर्यीकरण जैसे कार्यों को भी शामिल किया गया। जिसे शासी परिषद ने सर्वसम्मति से पारित किया। साथ ही सभी लंबित योजनाओं की समीक्षा करते हुए निर्धारित समय-सीमा के अंदर उसे पूरा करने का निर्देश दिया गया। सभी कार्यकारी एजेंसीयों को सख्त निर्देश दिया गया की योजनाओं का क्रियान्वयन प्राक्कलन की विशिष्टियों के अनुसार, गुणवत्तापूर्ण एवं वित्तीय नियमावली का अनुपालन सुनिश्चित करना है।


उपायुक्त रामनिवास यादव ने कहा कि खनन प्रभावित क्षेत्रों के सर्वांगीण विकास एवं जनहित को ध्यान में रखते हुए पारित सभी योजनाओं को जल्द ही क्रियान्वित किया जाएगा, जिससे जिले के आमजन को प्रत्यक्ष लाभ प्राप्त हो सके। डीएमएफटी मद के रूप में जिला में सीमित संसाधन हैं, इसमें जितना बेहतर हो सके इस दिशा में समेकित प्रयास करना है। कहा कि डीएमएफटी निधि का उद्देश्य खनन प्रभावित क्षेत्रों के सर्वांगीण विकास है। ऐसे में प्रत्येक योजना का लाभ लक्षित समुदाय तक पारदर्शी एवं त्वरित रूप से पहुंचे, यह सुनिश्चित किया जाना आवश्यक है।
